शनिवार को जिला समाहरणालय में जिला दंडाधिकारी मुकुल कुमार गुप्ता की अध्यक्षता में शस्त्र शाखा से संबंधित कार्यों की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में शस्त्र निर्माण इकाइयों और शस्त्र दुकानों की गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की गई।
शस्त्र एवं कारतूस स्टॉक पंजी की जांच होगी
जिला दंडाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिले में संचालित सभी शस्त्र प्रतिष्ठानों और निर्माण इकाइयों के शस्त्र एवं कारतूस के स्टॉक पंजी की स्थिति का गहन निरीक्षण किया जाए। उन्होंने कहा कि रिकॉर्ड में किसी प्रकार की गड़बड़ी या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के लिए गठित हुई अधिकारियों की टीम
निरीक्षण कार्य के लिए दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारियों की एक संयुक्त टीम का गठन किया गया है। यह टीम जिले की सभी शस्त्र दुकानों एवं इकाइयों का मौके पर जाकर भौतिक सत्यापन करेगी और शीघ्र प्रतिवेदन प्रस्तुत करेगी।
बैठक में कई वरीय अधिकारी रहे उपस्थित
बैठक में अपर समाहर्ता नवनील कुमार, उप विकास आयुक्त मुकेश कुमार, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, पुलिस उपाधीक्षक सीवान सदर और वरीय उप समाहर्ता विकास कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
जिला जनसंपर्क पदाधिकारी कन्हैया कुमार ने बताया कि यह निर्णय शस्त्र कानूनों के कड़ाई से अनुपालन और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से लिया गया है।